20 वर्षो से लगातार एक सीट देने वाले सिहोरा के प्रति उपेक्षापूर्ण रवैया त्यागे मुख्यमंत्री
जिला मुद्दे से दूरी सिहोरावासियों के वोट का अपमान
रिपोर्टर : सतीश चौरसिया
उमरियापान । सिहोरा की जनता ने भाजपा और मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को लगातार 20 वर्षो से प्रत्येक स्तर पर वोट के प्रमाण के साथ अपना समर्पण दिखाया पर सिहोरा के सम्मान के प्रति मुख्यमंत्री का उपेक्षापूर्ण रवैया सिहोरावासियों के वोट का अपमान है। मुख्यमंत्री जी प्रदेश में जहाँ लगातार नए जिले जिले, तहसील और नगर पालिकाएं घोषित कर रहे है वहीं सिहोरा में डेढ़ वर्ष से चल रहे जिला आंदोलन को लेकर बेसुध है ।
जबलपुर में आमंत्रित करें मुख्यमंत्री- लक्ष्य जिला सिहोरा आंदोलन समिति के अनिल जैन, मानस तिवारी ने कहा कि 10 जून को मुख्यमंत्री जबलपुर आ रहे है। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम से महज 40 किमी दूर स्थित सिहोरा सरकार की उपेक्षा से आहत है।मुख्यमंत्री जी को लोकतांत्रिक नजरिया अपनाते हुए आंदोलित समिति को स्वयं चर्चा हेतु आमंत्रित करना चाहिए ।
पिछली बार बुलाकर नही मिले थे मुख्यमंत्री- समिति के विकास दुबे, सुशील जैन और अमित बक्शी ने बताया कि इससे पूर्व विधायक सिहोरा की अगुवाई में सिहोरा जिले मुद्दे पर गणतंत्र दिवस के दौरान मुख्यमंत्री जी से मिलने हेतु कार्यक्रम तय हुआ था ।प्रशासन स्तर से भी इसकी सूचना समिति को दी गई परंतु कार्यक्रम के ठीक पहले यह सूचना दी गई कि मुख्यमंत्री सिहोरा वासियों से नही मिलना चाहते। इसके बाद भी जबलपुर मुख्यमंत्री की सभा मे पहुँचे समिति के सदस्यों को पुलिस बल द्वारा बलपूर्वक मुख्यमंत्री से मिलने से रोका गया था।
लक्ष्य जिला सिहोरा आंदोलन समिति के कृष्ण कुमार कुररिया, रामजी शुक्ला, नागेन्द्र कुररिया, अमित बक्शी, सुखदेव कौरव, नत्थू पटेल, रामलाल साहू , मोहन सोंधिया आदि ने मुख्यमंत्री से मांग की कि वे लाडली बहना योजना के जबलपुर के कार्यक्रम के दौरान सिहोरावासियों को चर्चा हेतु आमंत्रित करें ।



