साइबर अपराधियों द्वारा नकली e सिम बनाकर खाते से ट्रांसफर कर दिए 150000 रुपए

रिपोर्टर : कमलेश अवधिया
साईंखेड़ा । आज के इस सोशल मीडिया आधुनिक युग में लोग प्रतिदिन साइबर अपराधियों के चंगुल में फंस रहे हैं न जाने कितने लोग एक-एक रुपया इकट्ठा करके जमा करते हैं और यह साइबर अपराधी पल में उनके अकाउंट से निकाल लेते हैं इनसे सावधान रहें अपने मोबाइल पर किसी को ओटीपी शेयर ना करें ना ही कोई लिंक खोलें जैसे प्रधानमंत्री जनधन योजना आईटीओ ऐसी अन्य लिंक आ रही हैं, और ना अपना मोबाइल अन्य किसी व्यक्ति को दें क्योंकि वह भी किसी से जुड़कर फर्जी तरीके से अपने मोबाइल में ओटीपी बुलाकर दूसरे संबंधित व्यक्ति को भेज कर डिलीट कर सकते है, ऐसा ही कुछ साइबर क्राइम अपराध कमलेश कुमार अवधिया के साथ हुआ है विगत 6 जनवरी रात 9:00 बजे मेरे मोबाइल पर एक एसएमएस आया कि आपके नंबर से E सिम बनाने की रिस्पेक्ट भेजी गई है जबकि मैंने भेजी नहीं थी और सुबह देखा तो मेरा मोबाइल बंद हो गया और ऑपरेटर से पूछा तो उसने बताया कि आपकी e सिम बन गई है और आपकी ओरिजिनल सिम बंद हो गई है इसमें फ्रॉड हो सकता है और 8 जनवरी गुरुवार को मैंने एटीएम जाकर स्टेटमेंट निकाला तो मेरी महिंद्रा कोटक बैंक के खाते से 9:00 बजे से लेकर 1:00 बजे के भीतर 145000 किसी फर्जी तरीके से अमेजॉन वॉलेट में ट्रांसफर कर दिया गया एवं स्टेट बैंक के अकाउंट से ₹5000 किसी मुकेश दास के खाते में ट्रांसफर कर दिए और चेक करने के लिए सबसे पहले रंजीत सिंह के नाम से ₹1 डेबिट किया गया कुल मिलाकर मेरा 150000 रुपया इन साइबर अपराधियों ने फर्जी तरीके से खाते से निकाल कर अन्य जगह ट्रांसफर कर दिए जिसकी ऑनलाइन रिपोर्ट साइबर सेल में दी गई है और अभी जांच चल रही है अतः सभी लोग इन अपराधियों से बचें



