पूरी रात बारिश में धरने पर बैठी रही सफाई कर्मी
ब्यूरो चीफ : भगवत सिंह लोधी
दमोह। सफाई महिला कर्मी का पीएफ ना मिलने से कल दोपहर से पूरी रात और अब तक अंबेडकर चौराहा पर धरना देकर पोस्टर लगाकर बैठी हुई है. पानी गिरने के बाद भी धरना से नहीं उठी, इन सफाई कर्मियों का कहना है कि हमारा हक हमें मिलना चाहिए, आखिर इनका क्यों नहीं मिल रहा है।
इधर जिला अस्पताल प्रबंधक ने बताया एसडीएम ने समझाइश दी जिला चिकित्सलय दमोह में सफाईकर्मियों की व्यवस्था आउटसोर्स है. कामथेंन सिक्योरिटी सर्विसेज द्वारा इस हेतु जिला चिकित्सलय दमोह का अनुबंध है। एजेंसी द्वारा लगाए गए कर्मचारियों का एजेंसी से पीएफ सम्बन्धी समस्या को लेकर विवाद चल रहा है। मुख्य विवाद यह है कि एजेंसी द्वारा पीएफ डाला जा रहा है, पीएफ जमाकर के चालान की प्रति भी दी गई है. ऐसे में यदि किसी कर्मचारी के पीएफ एकाउंट में पैसे दिख रहे है, किन्तु वो निकाल नहीं पा रहा है, तो उसे सागर डीपीएफ ऑफिस जाकर सम्पर्क करना चाहिये. कुछ कर्मचारियों के दस्तावेज सही नहीं लगे है अथवा मोबाइल नम्बर बदल लिया है, तो ओटीपी आने में समस्या है. जिन कर्मचारियों के दस्तावेज सही है और उन्होंने प्रक्रिया को समझ लिया है, उनमें से कुछ ने पैसे निकाले भी है।
बताया गया कि जिला अस्पताल प्रशासन का इन कर्मचारियों से सीधा लेना-देना नहीं है। कर्मचारियों की एक महिला नेता को एजेंसी ने काम से बाहर कर दिया है, इसलिये वो कुछ लोग को धमकाकर, मरपीट करके, गाली- गलौज करके उन्हें भी काम नहीं करने दे रही है. ऐसे में शासकीय कार्य बाधित हो रहा है। अस्पताल प्रशासन के अनुरोध पर एसडीएम दमोह द्वारा भी अस्पताल में आकर 4 कर्मचारियों से बात की तथा उन्हें समझाया, किन्तु प्रक्रिया न समझ पाने के कारण सफाईकर्मी स्वयं परेशान है एवं सफाई के कार्य में बाधा बन रहे हैं. अनाधिकृत बिना अनुमति के शांत क्षेत्र घोषित अस्पताल परिसर में धरना प्रदर्शन एवम हड़ताल करने वालों को जिला प्रशासन द्वारा स्थानीय पुलिस को सूचित करके बाहर करवा दिया गया है. हड़ताल अनावश्यक है,शासन स्तर से 5 माह से भुगतान प्राप्त न होने के बाद भी एजेंसी द्वारा कर्मचारियों का वेतन समय से ही भुगतान किया जा रहा है।



