मध्य प्रदेश

जिले में उद्यानिकी खेती को बढ़ावा देने किसानों को किया जा रहा है प्रोत्साहित- कलेक्टर

कलेक्टर ने 35 सदस्यीय किसानों के दल को किया रवाना
रिपोर्टर : शिवलाल यादव, रायसेन
रायसेन। किसानों को उद्यानिकी खेती की नवीन एवं उन्नत तकनीकों की जानकारी देने हेतु प्रशिक्षण एवं प्रगतिशील किसानों के खेतों के भ्रमण के लिए उद्यानिकी विभाग द्वारा योजना संचालित की जा रही है। इसी क्रम में उद्यानिकी योजना के तहत कलेक्टर उमाशंकर भार्गव द्वारा जिले के 35 किसानों के दल को राज्य के अंदर भ्रमण हेतु कलेक्ट्रेट कार्यालय से हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया गया।
कलेक्टर भार्गव ने क्षेत्र भ्रमण एवं प्रशिक्षण के लिए उत्साहित किसानों को बधाई देते हुए उन्हें उन्नति एवं आर्थिक लाभ प्राप्त करने हेतु आधुनिक तकनीकियों का पूरी लगन के साथ अध्ययन एवं अवलोकन करने के लिए कहा। उन्होंने किसानों से कहा कि भ्रमण और प्रशिक्षण का लाभ प्राप्त कर वे अपनी खेती के साथ-साथ ग्राम के अन्य किसानों को जोड़ने में सहायक बनेंगे। उद्यानिकी क्षेत्र भ्रमण एवं प्रशिक्षण का प्रमुख उद्देश्य उद्यानिकी फसलों को बढ़ावा देने, आधुनिक खेती के प्रति रूझान तथा आधुनिक यंत्रीकरण को बढ़ावा देना है जिससे किसान कम क्षेत्र में अधिकतम उत्पादन प्राप्त कर सके।
जिला पंचायत सीईओ पीसी शर्मा ने भी किसानों को बधाई देते हुए कहा कि किसानों की आय दोगुना करने के उद्देश्य से किसानों को प्रशिक्षण सह भ्रमण कराया जा रहा है। आत्मनिर्भर अभियान की मंशा अनुरूप कृषि की आय दोगुना करने के उद्देश्य से किसानों को तकनीकी ज्ञान, खाद्य प्रसंस्करण इकाई का प्रशिक्षण एवं उन्नतिशील किसानों के खेतों के भ्रमण का लाभ मिलेगा।
सहायक संचालक उद्यानिकी एनएस तोमर ने भ्रमण में शामिल किसानों को वर्तमान परिस्थिति के दृष्टिगत कोविड-19 से बचाव हेतु प्रत्येक किसान को मास्क, सेनेटाईजर का वितरण कर सावधानी बरतने की समझाईश दी गई। उन्होंने बताया कि भ्रमण पर जाने वाले किसान कृषि महाविद्यालय, कृषि विज्ञान केन्द्र एवं प्रगतिशील किसानों के क्षेत्रों का भ्रमण कर फसल उत्पादन की जानकारी प्राप्त कर प्राकृतिक प्रकोप से सुरक्षा, आधुनिक उद्यानिकी फसलों से कम लागत में अधिक मुनाफा प्राप्त करने के संबंध में जानकारी प्राप्त करेंगे। किसानों को फल, फूल की खेती, मसाला फसलों एवं औषधीय खेती को बढ़ावा देने के लिए प्रशिक्षण दिया जाएगा। किसानों को उद्यानिकी योजना के अंतर्गत अपने खेतों पर आधुनिक तरीके से फसल उत्पादक हेतु संरक्षित खेती, प्लास्टिक मल्चिंग, ड्रिप सिंचाई, वर्मी कम्पोस्ट इकाई आदि के माध्यम से अपने खेत पर कम खर्च में वर्षभर ताजी सब्जी, मसाला, फल एवं फूल उत्पादन कर अधिकाधिक लाभ प्राप्त कर सकते हैं, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति सुदृढ़ होगी।

Related Articles

Back to top button