हादसे पर निबंध लिखो… तेज रफ्तार कार से दो की जान लेने वाले नाबालिग को जमानत

ब्यूरो चीफ : मनीष श्रीवास
जबलपुर, पुणे । नाबालिग ने तेज रफ्तार कार से बाइक सवार दो इंजीनियरों को कुचल दिया। दोनों की मौत हो गई। हादसे के 14 घंटे में ही पुणे के जुवेनाइल जस्टिस बोर्ड ने नाबालिग को हादसे पर निबंध लिखने की सजा सुनाते हुए जमानत दे दी। पुलिस ने आरोपी को बालिग मानने का अनुरोध किया, पर बोर्ड ने इनकार कर दिया। पुलिस हाईकोर्ट में चुनौती देगी। पुलिस के मुताबिक 17 साल का नाबालिग पुणे के बड़े बिल्डर का बेटा है। कार की चपेट में आने से जबलपुर के शक्ति नगर सैनिक सोसायटी निवासी अश्विनी कोष्टा उम्र 26 साल की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि बाइक सवार दोस्त अनीश अवधिया ने अस्पताल में दम तोड़ दिया। अश्वनी के पिता सुरेश कुमार कोष्टा मप्र पूर्व क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के एमडी कार्यालय में पदस्थ थे। वे पुणे में एक कंपनी में सॉफ्टवेयर इंजीनियर थीं। परिजन शव लेकर सोमवार शाम जबलपुर पहुंचे मंगलवार को अंतिम संस्कार ग्वारीघाट में किया गया।
कोर्ट की चार शर्तें…
आरोपी ‘सड़क दुर्घटना के प्रभाव और समाधान’ पर कम से कम 300 शब्दों में निबंध लिखेगा।
15 दिन ट्रैफिक पुलिस की मदद करेगा।
मनोचिकित्सक से इलाज कराएगा।
आरोपी के सामने भविष्य में दुर्घटना हुई तो पीड़ितों की मदद करनी होगी।



