निर्धन, निर्बल, वृद्धों, दिव्यांगो, विधवाओ का दर्द झलका, की पेंशन बढाने की मांग

रिपोर्टर : कुंदनलाल चौरसिया
गौरझामर । शारीरिक रूप से क्षीण निर्बल हो चुके गरीब वृध्दो वृध्दाओ, विधवाओ, दिव्यांगो का दर्द उनको मिलने वाली न्यूनतम मासिक पैन्शन को लेकर झलक उठा है पैन्शनधारी पात्र हितग्राहियों ने प्रदेश के मुखिया मुख्यमंत्री डा मोहन यादव से अपनी आंतरिक वेदना प्रगट करते हुए गुहार लगाई है कि वर्तमान में उन्हें सामाजिक सुरक्षा पेंशन के रुप में कई सालो से महज छै सौ रुपये ही दिये जा रहे है जो उनके लिए बहुत ही कम व नगण्य है उनका कहना है कि इतनी कम राशि से उनका इलाज व गुजारा असंभव है। एक तरफ वह महिलाओ को मिलने वाली लाडली बहन व अन्य योजनाओ की राशि मे वृध्दि करते जा रहे है वही गरीब बृध्दजन जो बढती उम्र के अनुसार तमाम बीमारियो के शिकार होकर उनसे जूझते है उन्हे मात्र छै सौ रुपये ही पेंशन के रुप मे दिये जा रहे है उन्होने छै सौ रुपए सै बढाकर कम से कम दो हजार रुपये करने की मांग की है जिससे उनकी बुढापे की बीमारियो के इलाज व अन्य छुटपुट आर्थिक जरुरते पूरी हो सके। अपेक्षा व्यक्त की जा रही है की प्रदेश की डबल इंजन की सरकार के मुखिया मुख्यमंत्री डा मोहन यादव जी गरीबो की इस गुहार अवश्य ही सुनेगे।



