संविधान दिवस : युवाओं को जिम्मेदार नागरिक बनने की दी प्रेरणा
सिलवानी । मंगलवार को शासकीय महाविद्यालय सिलवानी में संविधान दिवस का आयोजन हुआ। कार्यक्रम भारतीय ज्ञान परंपरा प्रकोष्ठ के तत्वावधान में हुआ। शुरुआत मां सरस्वती के चित्र पर पुष्प अर्पित कर और सरस्वती वंदना से हुई। प्राचार्य मनोहर लाल कोरी ने संविधान को देश की आत्मा बताया। उन्होंने युवाओं को जिम्मेदार नागरिक बनने की प्रेरणा दी।
वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. लक्ष्मीकांत नेमा ने भारतीय परिवार व्यवस्था और सांस्कृतिक परंपराओं के साथ संविधान की व्यवहारिकता पर बात की। उन्होंने युवाओं से संविधान के सिद्धांतों को जीवन में अपनाने का आग्रह किया। डॉ. रामानुज रघुवंशी ने संविधान को नागरिक आचार संहिता बताया। उन्होंने इसके ऐतिहासिक महत्व और त्रि-शक्ति प्रणाली की व्याख्या की। डॉ. ओपी वर्मा, डॉ. सिकंदर और डॉ. मुक्तकीन अहमद ने मानवाधिकार, सामाजिक न्याय, राष्ट्रीय एकता और नागरिक जिम्मेदारियों पर विचार रखे। विद्यार्थियों ने संविधान प्रश्न मंच प्रतियोगिता में उत्साह से भाग लिया। डॉ. अभिलाषा ठाकुर ने प्रस्तावना की शपथ दिलाई। कार्यक्रम में देशभक्ति और राष्ट्रीय भावना का माहौल रहा। विद्यार्थियों में संविधान के प्रति रुचि और सम्मान बढ़ा।


