बिना अनुमति पहाड़ों का सीना छलनी कर रहे दो ठेकेदार, टनों लाल मुरम बोल्डर पत्थर चिंखारी का हो रहा अवैध उत्खनन,
माइनिंग इंस्पेक्टर बोले-यह तो गलत हो रहा है हम मौके पर पहुंचकर करेंगे ठेकेदारों पर जुर्माने की नियमानुसार कारवाई की जाएगी
रिपोर्टर : शिवलाल यादव
रायसेन। करोड़ों रुपये की लागत से त्रिमूर्ति तिराहा सलामतपुर के समीप टेकरी पर लगभग 13 एकड़ जमीन पर सांची बौद्ध यूनिवर्सिटी भवनों का निर्माण शुरू हो चुका है।इसका करोड़ों रुपये का ठेका सागर एन्ड कंस्ट्रक्शन कंपनी सागर द्वारा भोपाल की एक कंपनी को पेटी पर ठेके पर दे दिया है।इसके अलावा बौद्ध यूनिवर्सिटी साँची की बाउंड्रीवाल का ठेका दूसरे अन्य ठेकेदार द्वारा कराया जा रहा है।यहां काबिले गौर फरमाने वाली बात तो यह है कि उक्त दोनों ठेकेदारों द्वारा दोनों पहाड़ी पर पोकलिन, जेसीबी मशीनों के जरिए दिनरात इन पहाड़ों से टनों से लाल मुरम कोपरा बोल्डर चिंखारी की अवैध खुदाई कर पहाड़ों का सीना चीरकर उनकी शक्ल सूरत बिगाड़ी जा रही है।तमाम लोगों द्वारा जिला प्रशासन सहित जिला खनिज विभाग रायसेन के जिम्मेदार अधिकारियों को शिकायतों के आवेदन देने के बावजूद अभी तक वाहनों की धरपकड़ कर जब्ती जुर्माने की कार्रवाई को अंजाम नहीं दिया जा रहा है।जिससे ठेकेदार बेख़ौफ़ होकर पहाड़ों पर उनके डंपर जेसीबी पोकलिन मशीनें ट्रैक्टर ट्राली दौड़ते हुए नजर आ रहे हैं।बताया यह जा रहा है मुरम गौण खनिज भवन निर्माण के समतलीकरण के लिए संबंधित विभाग से लीज लेकर परमीशन लेकर निर्माण कार्य कराया जाना चाहिए।लेकिन नियम कायदों को ताक पर रखकर पहाड़ों में अवैध खनन धड़ल्ले से किया जा रहा है।
पहाड़ों की बिगाड़ी शक्ल सूरत..
बौद्ध यूनिवर्सिटी सांची की ऊंची टेकरी पहाड़ी सहित बगल की राजस्व पहाड़ पर इन दिनों अवैध खनन का कार्य जोरों पर चल रहा है। साँची बौद्ध यूनिवर्सिटी के मेनगेट सहित बाउंड्रीवाल का निर्माण कर रहे ठेकेदार द्वारा राजस्व पहाड़ी में टनों बोल्डर चिंखारी का मशीनों से अवैध रूप से उत्खनन कर डंपरों ट्रैक्टर ट्रॉली से ढुलाई कार्य बदस्तूर जारी है।इसके साथ ही बौद्ध यूनिवर्सिटी सांची निर्माणधीन इमारत,भवन के सामने बगल में मुरम पत्थर माफियाओं ने पहले जमकर उत्खनन कर पहाड़ों की शक्ल सूरत बिगाड़ चुके हैं।
मेनगेट, बाउंड्रीवाल बनवा रहा ठेकेदार भी पहाड़ी से अवैध बोल्डर चिंखारी उत्खनन कर लाखों रुपये की कर रहा बचत…..
दूसरा ठेकेदार सांची बौद्ध यूनिवर्सिटी का मेनगेट और बाउंड्रीवाल का निर्माण करवा रहा है।इस ठेकेदार द्वारा भी बगल की राजस्व गोल पहाड़ी पर जेसीबी पोकलिन मशीनों से पहाड़ी का सीना चीरकर बोल्डर पत्थर चिंखारी का उत्खनन अवैध रूप से उत्खनन कर वाहनों से ढुलाई करवाकर मिस्त्री कारीगरों से चिंखारी तरास करवाकर बाउंड्रीवाल का निर्माण बेरोकटोक सरेआम करवा रहा है।इसी तरह पेटी कांट्रेक्टर भी सांची बौद्ध यूनिवर्सिटी की इमारतों के निर्माण कराए जाने समतलीकरण कराए जाने पहाड़ की शक्ल सूरत बिगाड़ी जा रही है।यह सब अवैध उत्खनन का खेल जिम्मेदार विभाग के अधिकारियों की मिलीभगत से चल रहा है।
इस संबंध में माइनिंग इंस्पेक्टर राजीव कदम का कहना है कि यदि ठेकेदारों द्वारा अवैध उत्खनन किया जा रहा है तो यह गलत है।बिना अनुमति के उत्खनन करना शासन को लाखों की रॉयल्टी चपत लग रही है।में मौके पर पहुंचकर निरीक्षण कर जुर्माने की कार्रवाई करूंगा।





