सरस्वती शिशु मंदिर की झांकियों ने मोहा ग्रामवासियों का मन

पथ संचलन के स्वागत में भैया-बहनों ने सजाईं आकर्षक झांकियां, ‘वंदे मातरम् के 150 वर्ष’ की सजीव प्रस्तुति बनी मुख्य आकर्षण
सिलवानी। ग्राम सियरमऊ में राष्ट्रीय चेतना, देशभक्ति और अनुशासन का अनूठा संगम देखने को मिला। यहां राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पथ संचलन के स्वागत में स्थानीय सरस्वती शिशु मंदिर के भैया-बहनों द्वारा आकर्षक झांकियां सजाई गईं। इन झांकियों ने नगरवासियों का मन मोह लिया और पूरे क्षेत्र को राष्ट्रभक्ति के रंग में रंग दिया।
कार्यक्रम में झांकियों का मुख्य आकर्षण ‘वंदे मातरम् के 150 वर्ष’ विषय पर आधारित सजीव प्रस्तुतियां रहीं। विद्यार्थियों ने इन झांकियों के माध्यम से बंकिमचंद्र चट्टोपाध्याय द्वारा वर्ष 1875 में रचित राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ के इतिहास, स्वतंत्रता संग्राम में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका और क्रांतिकारियों के भीतर राष्ट्रभक्ति की भावना जागृत करने में इसके योगदान को प्रभावशाली ढंग से प्रदर्शित किया।
झांकियों में भारत माता के स्वरूप के साथ राष्ट्र की स्वतंत्रता के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले वीर क्रांतिकारियों के बलिदान के दृश्यों को भी जीवंत रूप दिया गया। वहीं युवा पीढ़ी के राष्ट्र के प्रति समर्पण और संकल्प को भी आकर्षक ढंग से प्रस्तुत किया गया।
विद्यार्थियों की इस कलात्मक एवं प्रेरणादायक प्रस्तुति को देखने के लिए बड़ी संख्या में नगरवासी उपस्थित रहे। झांकियों में प्रदर्शित देशभक्ति और बलिदान के दृश्यों ने दर्शकों को भावविभोर कर दिया। कई दर्शकों की आंखें नम हो गईं।



