सयुंक्त किसान मोर्चा रायसेन ने विरोध प्रर्दशन कर सौंपा ज्ञापन, केंद्र की मोदी सरकार शिवराज सरकार की तानाशाही से किसान परेशान
रिपोर्टर : शिवलाल यादव
रायसेन । रायसेन सयुंक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर कृषि उपज मंडी गेट के समक्ष किसान जागृति संगठन रायसेन ने धरना देकर जमकर नारेबाजी कर विरोध प्रर्दशन कि इसके बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम अनुविभागीय राजस्व अधिकारी एलके खरे को ज्ञापन सौपा गया है।किसान जागृति संगठन के प्रदेश अध्यक्ष राजेन्द्र कुमार राय रज्जू भैय्या ने कहा कि सत्ता में बैठी सरकारें अहंकारी है जो सिर्फ तानाशाही करने पर उतारू केन्द्र सरकार ने किसानों को लिखित आश्वासन के बाद भी सरकारों द्बारा कोई कार्यवाही ना करना किसानों के साथ धोखा और विश्वासघात है।किसान अब इस विश्वासघात को बर्दाश्त नहीं करेगा । केन्द्र मे बैठी मोदी सरकार किसान सरकार है।इसी का जीता – जागता उदाहरण लखीमपुर खीरी उत्तरप्रदेश में केंद्रीय मंत्री के बेटे द्वारा किसानों का नरसंहार किया गया था। इसके बाद भी केंद्रीय मंत्री के बेटे पर अभी तक कोई कार्यवाही नहीं हुई है ।इसी बात से अंदाजा लगाया जा सकता है कि केंद्र में बैठी हुई सरकार पूंजीवादी की सरकार हे किसानों, गरीबों के साथ किस तरह तानाशाही करने पर उतारू है। एक और उदाहरण लगातार चल रहा किसान आंदोलन है किसान देश अन्नदाता है सरकार को उनकी उनकी तकलीफ भी नहीं दिखाई दे रही है।किसानों की आमसभा को संबोधित करते हुए संगठन के जिलाध्यक्ष रंजीत यादव ने कहा कि हम समर्थन मूल्य गारंटी कानून लेकर ही रहेंगे। यथा केन्द्र के गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा टेनी को बर्खास्त करो देता हित मे अग्नि पथ योजना वापिस ले सरकार। इस अवसर प्रदेश अध्यक्ष राजेंद्र कुमार (रज्जू भैया), जिलाध्यक्ष रंजीत यादव, कोषाध्यक्ष नारायण सिंह राजपूत, तहसील अध्यक्ष ब्रजेश बघेल, महासचिव रामवरुप राठौर, जमना लोधी, दीवान सिंह लोधी शाहपुर, बशीरुद्दीन खान, ओमकार यादव, कोमल विशवकर्मा, नारायण सिंह मीणा, चैन सिंह राजपूत, मुन्नू खाँ, बारेलाल लोधी मेहबूब खान, युनूस खान, विरन सिंह, सहित अन्य किसान मौजूद थे।



