ज्योतिष

Aaj ka Panchang आज का पंचांग शुक्रवार, 03 मार्च 2023

आचार्य श्री गोपी राम (ज्योतिषाचार्य) जिला हिसार हरियाणा मो. 9812224501
✦••• जय श्री हरि •••✦
🧾 आज का पंचाग 🧾
शुक्रवार 03 मार्च 2023

ॐ श्री महालक्ष्म्यै च विद्महे विष्णु पत्न्यै च धीमहि तन्नो लक्ष्मी प्रचोदयात् ॐ
🚩 03 मार्च 2023 दिन शुक्रवार को फाल्गुन मास के शुक्ल पक्ष की आमलकी नाम का एकादशी व्रत है। इसे रंगभरी एकादशी भी कहा जाता है। आज भगवान श्रीकाशीविश्वनाथ का श्रृंगारदिवस है। आप सभी आमलकी एकादशी व्रतियों को एकादशी व्रत की हार्दिक शुभकामनायें। शास्त्रानुसार एकादशी सर्वश्रेष्ठ एवं सर्वाधिक पुण्यदायी व्रत होता है। इसे हर एक व्यक्ति को अवश्य करना चाहिये।।
🌌 दिन (वार) – शुक्रवार के दिन दक्षिणावर्ती शंख से भगवान विष्णु पर जल चढ़ाकर उन्हें पीले चन्दन अथवा केसर का तिलक करें। इस उपाय में मां लक्ष्मी जल्दी प्रसन्न हो जाती हैं।
शुक्रवार के दिन नियम पूर्वक धन लाभ के लिए लक्ष्मी माँ को अत्यंत प्रिय “श्री सूक्त”, “महालक्ष्मी अष्टकम” एवं समस्त संकटो को दूर करने के लिए “माँ दुर्गा के 32 चमत्कारी नमो का पाठ” अवश्य ही करें ।
शुक्रवार के दिन माँ लक्ष्मी को हलवे या खीर का भोग लगाना चाहिए ।
शुक्रवार के दिन शुक्र ग्रह की आराधना करने से जीवन में समस्त सुख, ऐश्वर्य की प्राप्ति होती है, दाम्पत्य जीवन सुखमय होता है बड़ा भवन, विदेश यात्रा के योग बनते है।
🔮 शुभ विक्रम संवत्-2079, शक संवत्-1944, हिजरी सन्-1443, ईस्वी सन्-2022
🌐 संवत्सर नाम-राक्षस
✡️ शक संवत 1944 (शुभकृत् संवत्सर)
☸️ काली सम्वत 5123
☣️ अयन- उत्तरायण
🌦️ ऋतु – सौर बसन्त ऋतु
🌤️ मास – फाल्गुन मास
🌗 पक्ष – शुक्ल पक्ष
📆 तिथि – एकादशी 09:44 AM बजे तक उपरान्त द्वादशी तिथि है।
✏️ तिथि स्वामी : एकादशी तिथि के देवता हैं विश्वेदेवगणों और विष्णु।
💫 नक्षत्र – पुनर्वसु 16:17 PM तक उपरान्त पुष्य नक्षत्र है।
🪐 नक्षत्र स्वामी : पुनर्वसु नक्षत्र का स्वामी बृहस्पति है।नक्षत्र का अधिष्ठाता देवता अदिति हैं।
🔊 योग – सौभाग्य 19:26 PM तक उपरान्त शोभन योग है।
प्रथम करण : विष्टि – 09:11 ए एम तक
द्वितीय करण : बव – 10:27 पी एम तक
⚜️ दिशाशूल – शुक्रवार को पश्चिम दिशा की यात्रा नहीं करनी चाहिये, यदि अत्यावश्यक हो तो दही खाकर यात्रा कर सकते है।
🔥 गुलिक काल : शुक्रवार का (अशुभ) काल 08:12 ए एम से 09:39 ए एम
🤖 राहुकाल (अशुभ) – सुबह 03:30 बजे से 12:00 बजे तक राहु काल में कोई भी शुभ कार्य नहीं करना चाहिए |
🌞 सूर्योदय – प्रातः 06:14:38
🌅 सूर्यास्त – सायं 17:46:32
👸🏻 ब्रह्म मुहूर्त : 05:06 ए एम से 05:55 ए एम
🌆 प्रातः सन्ध्या : 05:30 ए एम से 06:45 ए एम
🌟 अभिजित मुहूर्त : 12:10 पी एम से 12:57 पी एम
✡️ विजय मुहूर्त : 02:29 पी एम से 03:16 पी एम
🐃 गोधूलि मुहूर्त : 06:19 पी एम से 06:44 पी एम
🏙️ सायाह्न सन्ध्या : 06:22 पी एम से 07:36 पी एम
💧 अमृत काल : 01:01 पी एम से 02:49 पी एम
🗣️ निशिता मुहूर्त : 12:08 ए एम, मार्च 04 से 12:57 ए एम, मार्च 04
सर्वार्थ सिद्धि योग : 06:45 ए एम से 03:43 पी एम
🕉️ सौभाग्य योग- आज शाम 6 बजकर 44 मिनट तक
🌍 पृथ्वी लोक की भद्रा – आज सुबह 9 बजकर 11 मिनट तक
🚓 यात्रा शकुन-शुक्रवार को मीठा दही खाकर यात्रा पर निकलें।
👉🏻 आज का मंत्र-ॐ द्रां द्रीं द्रौं स: शुक्राय नम:।
🤷🏻‍♀️ आज का उपाय-किसी विप्र को भोजन उपरान्त चांदी भेंट करें।
🪵 वनस्पति तंत्र उपाय-गूलर के वृक्ष में जल चढ़ाएं।
⚛️ पर्व व त्यौहार – सर्वार्थसिद्धि योग/आमलकी एकादशी व्रत (सर्वे), विश्व वन्यजीव दिवस, विश्व श्रवण दिवस, विश्व नागरिक सुरक्षा दिवस, औरंगजेब, मुग़ल बादशाह स्मृति दिवस, बालकृष्ण शिवराम मुंजे – स्वतंत्रता सेनानी पुण्य तिथि, जसपाल भट्टी हास्य अभिनेता जन्म दिवस, विश्व विकलांग दिवस, World Wildlife Day
✍🏼 विशेष – एकादशी तिथि को चावल एवं दाल नहीं खाना चाहिये तथा द्वादशी को मसूर नहीं खाना चाहिये। यह इस तिथि में त्याज्य बताया गया है। एकादशी को चावल न खाने अथवा रोटी खाने से व्रत का आधा फल सहज ही प्राप्त हो जाता है। एकादशी तिथि एक आनन्द प्रदायिनी और शुभफलदायिनी तिथि मानी जाती है। एकादशी को सूर्योदय से पहले स्नान के जल में आँवला या आँवले का रस डालकर स्नान करना चाहिये। इससे पुण्यों कि वृद्धि, पापों का क्षय एवं भगवान नारायण के कृपा कि प्राप्ति होती है।
🏘️ Vastu tips 🏚️
वास्तु शास्त्र के अनुसार,नींबू, कैक्टस आदि काटेदार पेड़-पौधों को घर के अन्दर नहीं लगाना चाहिए साथ ही ऐसे पौधे जिनसे दूध निकलता है उन्हें भी नहीं लगाना चाहिए, ऐसे पौधों को अशुभ माना जाता है। ऐसे पौधों से नकारात्मक ऊर्जा निकलती है जिससे घर में अशांति रहती है।
लेकिन गुलाब का पौधा घर में लगाना शुभ माना जाता है। लेकिन इस बात का ध्यान रखें कि काला गुलाब घर में नहीं लगाना चाहिए क्योंकि काला गुलाब लगाने से चिंता बढ़ती है। साथ ही घर में ऐसे पेड़-पौधे भी नहीं लगाने चाहिए जो सांप, मधुमक्खी, उल्लू आदि को आमंत्रित करते हैं।
❇️ जीवनोपयोगी कुंजियां ⚜️
अल्कोहल का सेवन कई बार लोग आदतन अल्कोहल का सेवन करते हैं। तो कई लोग इसे तनाव की दवा मानकर भी सेवन करने लगते हैं और इसकी बुरी गिरफ्त में फंस जाते हैं। अल्कोहल का सेवन हमारे स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। सिगरेट का सेवन भी स्वास्थ्य के लिए हानिकारक बताया गया है। जानकारों का कहना है कि अल्कोहल पीने से ब्लड वेसल्स सिकुड़ती है। और इस कारण से युवावस्था में ही बाल सफेद होने लगते हैं। अनुवांशिक कारण देखा गया है कि अनुवांशिक कारणों की वजह से दाढ़ी और बाल सफेद होते हैं। इसलिए बताया गया है कि अनुवांशिक कारण होने पर चिकित्सक की सलाह के अनुसार कार्य करने पर मदद मिलती है। पोषण की कमी कई बार देखा गया है कि पोषण आहार की कमी की वजह से बाल और दाढ़ी धीरे-धीरे सफेद होने लगते हैं। ऐसे में आवश्यक है कि हम अपनी डाइट में विटामिन सी और अन्य पोषक तत्वों का सेवन अवश्य करें।
💉 आरोग्य संजीवनी 🩸
नींद में खर्राटे आयें तो सावधान !
40 प्रतिशत लोगों को खर्राटे थकान के कारण आते हैं और 60 प्रतिशत लोगों को जो खर्राटे आते हैं वे संकेत देते हैं कि शरीर में रोग जमा हो रहा है | इसका जल्दी इलाज करो, नहीं तो ह्रदयघात, उच्च रक्तचाप, निम्न रक्तचाप (low B.P.) की समस्या पैदा हो सकती है | किसी भी थोड़ी-सी बीमारी में ज्यादा धक्का लग सकता है |
खर्राटे आते हैं तो उनको नियंत्रित करने का उपाय बताता हूँ | 5 ग्राम गुड़, 10 मि.ली. अदरक का रस व संतकृपा चूर्ण मिला के थोडा-थोडा लो | खर्राटे बंद हो जायेंगे, कफ और कोलेस्ट्रॉल नियंत्रित हो जायेगा | 21 दिन करो | फिर 5-10 दिन छोडो, फिर करो | नाड़ियाँ साफ़ हो जायेंगी | केला, फलों का र्स, मिठाई- इनका सेवन नहीं करना |
📖 गुरु भक्ति योग
(कल का शेष)
नेत्रों की ज्योति बढ़ाने के लिए
शंकर जी के मंदिर जाए और तुम्बरुका जी का नाम ले कर एक घी का दिया लगाये। दिए पर एक प्लेट रख दीजिये और फिर इसका काजल निकाल के गाय के घी में मिला के आंखों में लगाना शुरू कर दिजिये। साथ ही तुम्बरुका जी का नाम स्मरण करते हुए, चांद को देखिए, नाम स्मरण करिए। इस उपाय से आंखों की रोशनी बढ़ेगी, चश्मा भी उतर जाएगा।
🗣️ पति पत्नी के बीच के विवाद को समाप्त करने के लिए
अगर घर में लड़ाई चल रही है, क्रोध हो रहा है, विवाद हो रहा है, या पति पत्नी में झगड़ा हो रहा है, बात तलाक और अदालत तक भी पहुंच गई हो तो एक श्रीफल (नारियल) पूरे घर में घूमाकर, एक मोली उनके नाम की जिनके बीच विवाद चल रही हो और तुम्बुरुका जी का नाम स्मरण करके श्रीफल पे लपेट दीजिये। फिर इस श्रीफल को भगवान शंकर को समर्पित कर दिजिए तुम्बुरुका जी के नाम से। पति पत्नी के बीच तलाक की नौबत भी आ गई हो तो भी दोनो में प्रेम हो जाता है। और घर के किसी दूसरे सदस्य के बीच भी विवाद चल रहा हो तो आपस में फिर से प्यार बढ़ जाता है।
📗 बच्चे की बुद्धि विवेक को तेज़ करने के लिए
जो बच्चा पढ़ने में कमजोर होता है, उसकी बुद्धि विवेक को तेज़ करने के लिए किसी भी महीने की शिवरात्रि वाले दिन एक पीपल के पत्ते पर शहद रख के तुम्बरुका जी का नाम ले कर शिवलिंग पे चिपका दिया जाता है और वापस उस पत्ते को निकाल के बुद्धि से कमजोर बच्चे को चटाया जाता है मंदिर की सीढ़ियों पे बैठा कर। ऐसा करने से उस बच्चे की बुद्धि विवेक तेज हो जाति है और बच्चा पढने में बहुत विद्वान हो जाता है।
अगर किसी के बच्चे गलत संगत में पड़ने लगे हो, या फिर किसी गलत धर्म की तरफ जा रहे हैं या कोई अन्य धर्म में विवाह कर रहे हैं, या अपनी मर्जी से गलत जगह विवाह करना चाहते हैं तो ऐसे में तुम्बरुका जी का नाम लेकर कमलगट्टे का जल भगवान शंकर को समर्पित करना चाहिए। इस उपाय से बच्चा ना गलत धर्म में जाते हैं ना गलत जगह संबंध होता है।
💰 व्यापार में उन्नती के लिए
अगर व्यापार व्यवसाय या फैक्ट्री एकदम बंद सी हो गई हो तो एक तांबे के कलश में जल भर लीजिये। एक बेल पत्र अपने दाहिने हाथ की हथेली पर रख के उसके ऊपर तांबे का कलश रख लिजिये और अपने उलटे हाथ से कलश को ढक लिजिये। अपने नाम और गोत्र का स्मरण करिये। अब ऐसे ही पात्र को लेकर शिव मंदिर जाए। जो भी आपकी कामना है व्यापार फैक्ट्री इंटरव्यू की उसका ध्यान करते हुए और अपने उसी दाहिने हाथ के अंगूठे और उनगलियो की मदद से पात्र को पकड़ के जल चढा दिजिये शिवलिंग पे श्री तुम्बरुपेश्वर महादेव के नाम से। जल चढाते वक्त बेल पत्री हाथ में ही रहने देना है। जल चढाने के बाद पात्र को नीच रख दे और अब बेल पत्र भी चढा दिजिये। बेल पत्री की डंडी का मुह अशोक सुंदरी वाली जगह होना चाहिए। झोली पसार कर बाबा से निवेदन करे और विनती कर के वापस घर आ जाए। 3 से 4 दिन लगेगा, जो दुकान फैक्ट्री व्यापार रुक सा गया था उसमे वापस से उन्नती होना शुरू हो जाएगी।
हर हर महादेव
🙏🏻 इति समाप्ति🙏🏻
●●●●●★᭄ॐ नमः श्री हरि नम: ★᭄●●●●●
⚜️ एकादशी तिथि के देवता विश्वदेव होते हैं। नन्दा नाम से विख्यात यह तिथि शुक्ल पक्ष में शुभ तथा कृष्ण पक्ष में अशुभ फलदायिनी मानी जाती है। एकादशी तिथि एक आनंद प्रदायिनी और शुभ फलदायी तिथि मानी जाती है। इसलिये आज दक्षिणावर्ती शंख के जल से भगवान नारायण का पुरुषसूक्त से अभिषेक करने से माँ लक्ष्मी प्रशन्न होती है एवं नारायण कि भी पूर्ण कृपा प्राप्त होती है।
एकादशी तिथि को जिस व्यक्ति का जन्म होता है वो धार्मिक तथा सौभाग्यशाली होता है। मन, बुद्धि और हृदय से ऐसे लोग पवित्र होते हैं। इनकी बुद्धि तीक्ष्ण होती और लोगों में बुद्धिमानी के लिए जाने जाते है। इनकी संतान गुणवान और अच्छे संस्कारों वाली होती है, इन्हें अपने बच्चों से सुख एवं सहयोग भी प्राप्त होता है। समाज के प्रतिष्ठित लोगों से इन्हें मान सम्मान मिलता है।

Related Articles

Back to top button