एकता परिषद ने कलेक्टर को जनसुनवाई मे पहुंच कर जिला स्तरीय ज्ञापन सौपा आन्दोलन हेतु चेताया
वनाधिकार कानून के एमपी वन मित्र पोर्टल मे दर्ज लंम्बित दावा निराकरण की मांग रखी
ब्यूरो चीफ : भगवत सिंह लोधी
दमोह । जन संगठन एकता परिषद के बैनर तले दमोह जिले के विभिन्न ग्रामों के आदिवासियों एवं वन्य निवासियों ने मंगलवार को जिला कलेक्ट्रेट दमोह में आयोजित जनसुनवाई मे रैली के रुप मे पहुंचकर कलेक्टर एस कृष्ण चैतन्य को जिला स्तरीय ज्ञापन सौंपा। कलेक्टर की अनुपस्थिति में ज्ञापन एसडीएम गगन सिंह बिसेन ने ग्रहण कर इस पर शीघ्र उचित कार्रवाई करवाने का आश्वासन दिया!
इस सम्बंध में एकता परिषद जिला समन्वयक घनश्याम प्रसाद रैकवार ने बताया कि एकता परिषद एवं राज्य तथा जिले मे वर्षों से वनभूमि पर काबिज आदिवासियों की जायज मांग पर मध्यप्रदेश शासन ने एमपी वन मित्र पोर्टल में दर्ज सभी लंबित दावों का पुन:निरीक्षण, परीक्षण एवं भौतिक सत्यापन कराने का निर्णय लिया है। ताकि राज्य के सभी पात्र, वनभूमि काबिज, गरीब, भूमिहीन, वंचित, आदिवासी, हितग्राहियों को विधिवत वन अधिकार कानून 2007-08 की मंशा के तहत वन अधिकार पत्र (पटटा) मिल सके! इस आशय का आदेश पत्र मुख्य सचिव मध्य प्रदेश शासन के जनजातीय कार्य विभाग भोपाल द्वारा राज्य के सभी जिला कलेक्टरों, नोडल विभागों एवं सम्बंधित विभागों को भेजा गया है! पत्र मे निराकरण की अंतिम तिथि भी इसी माह की 31 मार्च 2023 नियत की गई है! रायकवार ने बताया कि जिले मे उक्त आदेश पत्र को जिला शासन-प्रशासन ने शायद अभी तक गम्भीरता एवं संवेदनशीलता से नही लिया है! जबकि इस मुद्दे को लेकर संपूर्ण जिला एवं राज्य भर में आदिवासी वर्ग बेहद परेशान एवं आन्दोलित है वन अधिकार कानून के लगभग 12 हजार 600 से अधिक दावे जिला दमोह भर में वर्तमान में लंबित हैं! वन भूमि काबिजों को जिले मे भारी प्रताड़ना नित झेलनी पड़ रही है! ज्ञापन में लम्बित दावों के निराकरण की दिशा में शीघ्र शासन के आदेश अनुसार कार्यवाही करने की मांग की गई है! साथ ही आंदोलन की चेतावनी भी जिला के शासन प्रशासन एवं सम्बंधितों को दी गई है! इस मौके पर एकता परिषद जिला दमोह के विभिन्न ग्रामों के
नंदलाल सीग़, संतोष सींग खमरिया, शिवलाल, रमेश सींग, जागेसीग़ डहरा, बहादुर सीगं, होरीलाल बमनोदा, प्रेम सीगं, रतन सीगं केवलारी, प्रेम सीगं, मन्नू सीगं सेहरी, छोटे लाल,सुरेश सीगं ससनाखुर्द, कमोद सीगं, लटनकसीगं ससनकला, मुन्ना सीगं, बलिराम सीगं हरदुआ, जगदीश सीगं, तुलसीराम कुदपुरा, बाबूलाल, बारे लाल सीगं पटेरिया माल, अरविंद , विंदुसीगं बोरिया, चूरामन, टेक सीगं भैंसा, नंदलाल सीग़, सूखचेन सिंह रिचकुढी, दिब्बूसीग, प्रतापसींग, ओरिया माल, रामकिशन, हरीदयाल सरसैलारैयत, हल्ले भाई, तामूसीगं बिसनाखेडी, पूरन सीगं सातापेरी, परमसीगं, फूलसीगं, फुलर, मूरत बीरेंद्र सीगं गौड़ गोपालपुर, मानसीगं यादव सर्रा , कैलाश सीगं देवरी, शंकर, मिलन बहिन, कैलाश सीगं जबेरा, अयोध्या प्रसाद, खिलानसीगं, अवलेशसीगं, नरेश भाई तेजगढ, लल्लू सिंह, बलराम पटेल बादंकपुर,राजू आदिवासी मदनपुरा, रक्कू आदिवासी ढौंडा़, परसू सिंह उदयपुरा, सुन्दर सिंह भूलखेडा़, मथरा गौड़ बछामा सहित बडी़ संख्या मे सक्रिय मुखिया साथी मौजूद रहे।



