क्राइम

नृशंस हत्या के अज्ञात आरोपियों का पुलिस ने किया पर्दाफाश

5 आरोपी गिरफ्तार, लुडियाई नदी में मिला था अर्धनग्न शव

रायसेन । जिले के थाना सुल्तानपुर के ग्राम चुरका टोला के पास जंगल के बीच लुडियाई नदी में मृतक महेन्द्र राठौर का शव अर्धनग्न अवस्था में पाया गया था। मृतक अपने दो अन्य साथियों के साथ चनाकुण्डा में रसोई में गया था तक लौटते समय अज्ञात हमलावरों ने मारपीट की थी जिसमें आरोपी का साथी गोपाल घायल हो गया था व मृतक मौके से जान बचाकर भागने के बाद लापता था। दिनांक 20 नवंबर 24 को दोपहर 12 बजे करीब महेन्द्र राठौर का शव आफतगंज एवं चुरका टोला के जंगल की लुडीयाई नदी में अर्धनग्न एवं सिर में चोटग्रस्त अवस्था में मिला। जिसकी अज्ञात व्यक्तियों द्वारा नृशंस हत्या कर उनके शव को लुडियाई नदी में फेंक देना पाया गया। फरियादी की रिपोर्ट पर अपराध थाना सुल्तानपुर में पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक जिला रायसेन पंकज कुमार पाण्डे व अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमलेश कुमार खरपूसे द्वारा घटना स्थल का निरीक्षण कर पतासाजी के निर्देश दिये गये।
पुलिस अधीक्षक द्वारा एसडीओपी बाडी अदिती बी. सक्सेना के कुशल मार्गदर्शन में विशेष टीम का गठन किया गया। टीम का यह जानकारी प्राप्त होने पर कि चुरका टोला के पास पुलिया पर मृतक का कुछ व्यक्तियों से विवाद हुआ था। टीम द्वारा चना कुण्डा, चुरका टोला, ईटखेडी, सोहनपुर खमरिया, करैया, आदि गावों में जाकर विस्तृत पूछताछ की गई व सूचना संकलन किया गया।
टीम द्वारा मानवीय सूचना संकलन व तकनीकी अनुसंधान के बाद चुरका टोला निवासी संदेही सीताराम आदिवासी पिता बाबूलाल उम्र 20 साल निवासी ग्राम चुरका टोला थाना सुल्तानपुर को पकड़ा जिसने पूछताछ में बताया कि दिनांक 19 नवंबर 2024 की करीब दोपहर 4 बजे मुझे चुरका टोला के परमजीत रायसिख, अनिल उर्फ गध्यू रायसिख, सुनील उर्फ सुन्नी रायसिख व एक अन्य के साथ जंगल में मिले। परमजीत तथा सुनील रायसिख सुल्तानपुर कलारी से शराब की बोतल तथा चखना लेकर आये फिर हम पाचो ने जंगल में लुडियाई नदी के पास जाकर कुछ दूरी पर खुली जगह में जंगल में शराब पी। फिर कलारी से एक और शराब की बोतल ली तथा आमवाली पुलिया पर चुरकाटोला में पहुँचकर पांचो बैठकर शराब पी रहे थे तभी चुना कुडा तरफ से एक मोटर साइकल से तीन लोग आकर रुके और हमें गाली बकने लगे इसी बात से झडप हो गई। एक अन्य आरोपी ने सामने वाले को थप्पड़ मार दिया ओर सीताराम ने एक को धक्का दे दिया तो वह वहीं पुलिया में गिर गया फिर वो तीनो उनकी मोटरसाइकिल से चले गये तो हमने वहीं जंगल से डण्डे ले लिये फिर हमने भी अपनी मोटरसाइकिले उनके पीछे लगा दी। चुरका टोला के थोडे आगे सुल्तानपुर रोड पर उन्हे रोका तो मोटर सायकल चलाने वाला पीछे बैठे दोनो लोगों को उतारकर मोटर सायकल से भाग गया तो हम पांचो ने उन दोनो को डण्डो से मारपीट कर दिया वो दोनो घायल हो गये तथा एक आदमी गांव तरफ भाग गया ओर दूसरा सुल्तानपुर रोड तरफ भागा तो सुल्तानपुर तरफ भागने वालो को ढूंढा। महेन्द्र राठौर को अंदर जंगल में लुडियाई नदी के पास ले गये जहा डण्डो से शरीर पर कई जगह चोट पहुंचाकर उसकी हत्या कर दी। फिर महेन्द्र की पेट, चड्डी, जूता निकालकर वहीं जंगल में जला दिये। महेन्द्र की लाश को घसीटकर नदी तरफ ले गये नदी में पत्थरो के बीच लाश को छुपा दिया। आरोपीगण सीताराम आदिवासी, परमजीत रायसिक, अनिल उर्फ गध्धू रायसिक, सुनील रायसिक और एक अन्य पांचो ने मृतक महेंद्र राठौर की लाठी डण्डों से हत्या कर लाश को नदी में पत्थरों के बीच छुपा दिया।
पुलिस टीम द्वारा सभी पांचो आरोपीगण से घटना में प्रयुक्त लाठी डण्डे, मोटर सायकल, मोबाईल बरामद कर लिया है।
गिरफ्तार आरोपियों में सीताराम पिता बाबूलाल गौड उम्र 20 साल निवासी ग्राम करैया थाना सुल्तानपुर, परमजीत पिता लालसिंह रायसिख उम्र 24 साल निवासी ग्राम चुरका टोला थाना सुल्तानपुर, अनिल उर्फ गध्धू पिता बलवानसिंह उम्र 20 साल निवासी ग्राम चुरका टोला थाना सुल्तानपुर, सुनील पिता बलवंत सिंह रायसिख उम्र 19 साल निवासी ग्राम चुरका टोला थाना सुल्तानपुर एवं विधि का उल्लंघन करने वाला बालक (नाबालिग)।
नृशस हत्या का पर्दाफाश करने एवं आरोपीगण को गिरफ्तार करने में थाना प्रभारी सुल्तानपुर निरीक्षक एल. डी. मिश्रा, थाना प्रभारी बाडी निरीक्षक कपिल गुप्ता, निरीक्षक रंजीत सराठे, थाना प्रभारी भारकच्छ उप निरीक्षक विनोद परमार, थाना सुल्तानपुर के सहायक उप निरीक्षक महेश अग्रिहोत्री, राधेश्याम रघुवशी, महेश ठाकुर, मोहन यादव, चंद्रशेखर यादव, प्रधान आरक्षक प्रतापसिंह राजपूत, राजा राजपूत, अजीत राय, आरक्षक सतोष पाटिल, दुर्गेश जाट, संदीप सिंह राजपूत, करण मीणा एवं सायबर टीम की महत्वपूर्ण सराहनीय भूमिका रही, उक्त टीम को पुलिस उप महानिरीक्षक नर्मदापुरम् जोन द्वारा 20,000 का नगद ईनाम देने की घोषणा की गई है।

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